सपनों का खौफनाक सफर
अमित को पिछले कुछ दिनों से एक ही सपना बार-बार आ रहा था, जिसमें एक सुनसान सड़क पर कोई उसका पीछा कर रहा था। शुरुआत में उसने इसे महज एक आम सपना समझकर नजरअंदाज कर दिया, लेकिन एक रात उसने सपने में खुद को उस सड़क पर सचमुच दौड़ते हुए पाया। जब उसकी नींद खुली, तो उसके पैरों में असली धूल और मिट्टी जमी हुई थी। अगली रात, उसने तय किया कि वह सपने के अंत तक जाएगा और उस पीछा करने वाले का चेहरा देखेगा। जैसे ही वह मुड़ा, उसने पाया कि वह भयानक साया कोई और नहीं बल्कि उसका अपना ही अतीत था।
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