#प्रेरणादायक कोट्स
हिन्दी
कर्म की खुशबू
“
फूल बनकर सिर्फ मुस्कुराना काफी नहीं,
खुशबू बनकर हवाओं में बिखरना सीखो।
मिलती है मंजिल सिर्फ चाहने से यहां,
यह सोचना छोड़ो और आगे बढ़ना सीखو।
”
खुशबू बनकर हवाओं में बिखरना सीखो।
मिलती है मंजिल सिर्फ चाहने से यहां,
यह सोचना छोड़ो और आगे बढ़ना सीखو।
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