#प्रेम कहानी
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पहाड़ियों की ठंडी हवा
“
उत्तराखंड की खूबसूरत वादियों में बसा छोटा सा कैफे राहुल और नैना की कहानियों का गवाह बना था। राहुल उस कैफे का मालिक था जो अपनी बनाई खास अदरक की चाय से सबका दिल जीत लेता था, और नैना एक लेखक थी जो अपनी अगली किताब के लिए शांति की तलाश में वहाँ आई थी। नैना को हर सुबह कैफे की खिड़की के पास बैठकर लिखना पसंद था। राहुल चुपचाप उसकी पसंद का ध्यान रखता और बिना कुछ कहे उसकी टेबल पर गर्म चाय रख जाता। एक दिन अचानक तेज बारिश शुरू हो गई और बिजली चली गई। दोनों ने कैफे में जल रहे दीयों की रोशनी में घंटों बातें कीं। उस दिन उन्हें अहसास हुआ कि उनके दिलों के तार किस तरह एक अनजाने संगीत से जुड़ चुके हैं। पहाड़ों की ठंडी हवाओं के बीच उनका यह सफर प्यार की एक नई मंजिल पर आ पहुँचा था।
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