#एटिट्यूड स्टेटस
हिन्दी
तेवर और तेरहवीं
“
हम जलते हुओं को और हवा देते हैं,
क्योंकि बुझ जाना हमारी फितरत में नहीं।
दुश्मन भी हमारे नाम से थरथराते हैं,
क्योंकि हम वो शेर हैं जो बिना दहाड़े शिकार करते हैं।
क्योंकि बुझ जाना हमारी फितरत में नहीं।
दुश्मन भी हमारे नाम से थरथराते हैं,
क्योंकि हम वो शेर हैं जो बिना दहाड़े शिकार करते हैं।
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