#रोमांटिक शायरी
हिन्दी
सफर-ए-हमसफर
“
मंजिल की परवाह किसे है इस खूबसूरत रास्ते पर, बस शर्त ये है कि तुम कदम से कदम मिलाकर चलो।
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