#बेवफा शायरी
हिन्दी
अजनबी रास्ते
“
जिन रास्तों पर कभी साथ चलने की कसमें खाई थीं, आज उन्हीं गलियों से गुजरने में डर लगता है। सफर वही है, हम भी वही हैं, बस कोई अपना अब पराया सा लगता है।
”
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